राष्ट्रीय
खुशखबरी केवल पीने वालों के लिए विदेशी शराब हो सकती है सस्ती !
वाणिज्य व उद्योग मंत्रालय और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने अल्कोहल पेय निर्माता कंपनियों के साथ बैठक की है।सरकार यूरोप की वाइन और शराब पर बेसिक कस्टम ड्यूटी घटाने की तैयारी में है। हाल ही में इस सिलसिले में सरकार यूरोपीय संघ (ईयू) के साथ ईयू-इंडो ट्रेड टिटी करने की तैयारी में है! अभी विदेशी अल्कोहल पेय पर 150 फीसद कस्टम ड्यूटी है। इसे 75 फीसद तक लाया जा सकता है। इससे भारत में विदेशी शराब सस्ती हो जाएगी, लेकिन घरेलू अल्कोहल मैन्यूफैक्चर्स की परेशानी बढ़ सकती है। इसे ध्यान में रखते हुए सरकार ने घरेलू कंपनियों से पूछा है कि किस सीमा तक कस्टम ड्यूटी घटाने पर उनका कारोबार प्रभावित नहीं होगा। सीआइएबीसी के मुताबिक, यूरोप को कस्टम ड्यूटी में छूट देने से पहले सरकार को इन सब मुद्दों पर भी ईयू से बात करनी चाहिए, ताकि भारतीय शराब निर्यात का भी रास्ता साफ हो सके। भारत में इंडियन अल्कोहलिक बेवरेज का सालाना कारोबार 4.5 लाख करोड़ रुपये का है। राज्य सरकारों को इस उद्योग से सालाना 2.5 लाख करोड़ रुपये के टैक्स मिलते हैं।




