पश्चिम बंगाल
‘बंगाल में वास्तविक मतदाताओं के नाम हटाने के लिए निर्वाचन आयोग और BJP के बीच मिलीभगत’ चुनाव आयोग के खिलाफ धरने पर बैठे प्रदर्शनकारी BLO का आरोप !

कोलकाता में ‘बीएलओ अधिकार रक्षा समिति’ के कई सदस्य सोमवार को दोपहर से ही मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे थे और उनका आरोप था कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान उन पर ‘‘काम का अत्यधिक बोझ’’ है।

प्रदर्शनकारी बीएलओ ने बीजेपी पर ‘‘पश्चिम बंगाल में वास्तविक मतदाताओं के नाम हटाने के लिए निर्वाचन आयोग के साथ मिलीभगत’’ से काम करने का आरोप लगाया।
पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल रात करीब 11.40 बजे अपने कार्यालय से बाहर निकले। वे बीएलओ के धरने के कारण कार्यालय में ही थे।
उन्होंने देर रात के घटनाक्रम पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया, लेकिन तनाव उस समय कम हो गया जब उन्हें और निर्वाचन आयोग के अन्य अधिकारियों को पुलिस ने उनके आवासों तक पहुंचाया।



